गंगाशहर में मिनी मांडोली की प्रतिष्ठा 11 फरवरी को

shreecreates
  • नूतन गुरु मंदिर के लिए प्रतिमाएं आज आएंगी, गुरुवार को गर्भगृह में होगी प्रतिष्ठित

बीकानेर, 23 जनवरी। गंगाशहर में कुम्हारों के मोड़ पर बन रहे नूतन गुरु मंदिर ’’मिनी मांडोली’’ में योगीराज आचार्य श्री विजय शांति सूरिश्वरजी की प्रतिमा व उनके पगलियों की प्रतिष्ठा गच्छाधिपति नित्यानंद सूरिश्वरजी के सान्निध्य में 11 फरवरी को होगी। मंदिर स्थापना पर तीन दिवसीय प्रतिष्ठा महोत्सव 10 से 12 फरवरी तक होगा।

CONGRATULATIONS CA CHANDANI
indication
L.C.Baid Childrens Hospiatl

मंदिर का निर्माण श्री रिद्धकरण, सूरजदेवी सिपानी चैरिटेबल ट्रस्ट, श्री हनुमान दास, पन्नालाल सिपानी परिवार ने करवाया है। मंदिर निर्माण का लाभ लेने वाले सिपानी परिवार के लीलम सिपानी ने बताया कि मंदिर का कार्य पूर्णता की ओर है। सिरोही के नामी हस्तशिल्पी व कारीगर स्थानीय कारीगरों व श्रमिकों के साथ नित्य 12 घंटें कार्य कर इस भव्य मंदिर को बनाने में लगे हुए है। मंदिर का निर्माण गुरु भक्त गौतम सिपानी की देखरेख में करवाया जा रहा है।

pop ronak

सिपानी ने बताया कि मिनी मांडोली में शांति गुरुदेव की तीन प्रतिमाएं, तीन गुरुदेवों के पगलिये व देवी सरस्वती व पद्मावती की प्रतिमाएं जयपुर से बुधवार शाम को बीकानेर पहुंचेगी। गुरुवार को सुबह उन्हें गर्भगृह में प्रतिष्ठित किया जाएगा। मंदिर का लगभग 90 प्रतिशत कार्य पूर्ण हो चुका है।

मिनी मांडोली में विजय शांति गुरुदेव, सहित अनेक प्रतिमाएं लगेगी

मंदिर निर्माण से जुड़े लीलम सिपानी ने बताया कि 30 गुणा 70 वर्ग फीट में शांति गुरुदेव के प्रमुख तीर्थ व धर्म स्थल मांडोली के जैसा हुबहू निर्माण कार्य मिनी मांडोली में किया गया है। मंदिर में पिंडवाड़ा, सिरोही के नारायणजी व कन्हैयालाल सोमपुरा मंदिर में जैन शिल्प शैली के अनुसार उदयपुर के अगरिया खानों के सफेद संगमरमर को मूर्त रूप् देकर प्रतिष्ठत करने लगे है।

सिपानी ने बताया कि जयपुर के प्रमुख शिल्पियों द्वारा शांति गुरुदेव की तीन प्रतिमाओं के साथ देवी पद्मावती, सरस्वती माता आदि की प्रतिमाओं के साथ दादा गुरुदेव, शांति गुरुदेव के तीन पगलियों को मूर्त रूप् दिया है। शांतिगुरु देव की मुख्य प्रतिमा 31 ईंच की व दो अन्य प्रतिमाएं 27-27 इंच की होगी। मंदिर के पास ही 600 गज भूमि में धर्मशाला का निर्माण करवाया जा रहा है इसमें ठहरने के कमरे, रसोई, स्नानघर व अन्य सुविधाएं रहेगी।

अर्श से शिखर तक एक परिवार का पहला मंदिर

श्री रिद्धकरण, सूरजदेवी सिपानी चैरिटेबल ट्रस्ट, श्री हनुमान दास, पन्नालाल सिपानी परिवार को अर्श से शिखर तक मंदिर निर्माण करवाने वाला बीकानेर का पहला परिवार है । जिसने जमीन से लेकर मंदिर निर्माण तक अर्श से शिखर तक का कार्य स्वयं के द्रव्य से करवाया है। सिपानी परिवार ने बीकानेर में लक्ष्मीनाथ मंदिर परिसर के भगवान नेमीनाथ मंदिर में नाकोड़ा भैरव, भगवान आदिनाथ, पार्श्वनाथ व शांतिनाथ, शत्रुंज्यतीर्थ पट्ट, गंगाशहर के गोल मंदिर में शांति गुरुदेव व आसानियों के चौक में सूरज भवन का निर्माण कार्य करवाया है।

तीन कार्यक्रम दिवसीय
श्री रिद्धकरण सूरजदेवी सिपानी व श्री हनुमानदास पन्नालाल सिपानी परिवार की सुश्राविका श्रीमती शांति देवी व सुश्रावक लीलम सिपानी भी मिनी मांडोली के निर्माण कार्य की प्रगति व उसके निर्माण में जैन धर्म, वास्तुकला व संस्कृति को स्थापित करने के लिए बारीकियों से निरीक्षण कर निर्माण कार्य में लगे कारीगरों को निर्देश दे रहे है।

सुश्रावक लीलम सिपानी ने बताया कि तीन दिवसीय मिनी मांडोली मंदिर प्रतिष्ठा महोत्सव की शुरूआत 10 फरवरी शनिवार को कुंभ व दीपक स्थापना, क्षेत्रपाल, देवी पट्ट पूजन,गुरुमूर्ति एवं गुरु, देवी देवताओं की प्रतिमाओं के अभिषेक से होगी। शाम को साढ़े सात बजे भक्ति संगीत संध्या में पीन्टू स्वामी भजनों की प्रस्तुति देंगे। महोत्सव के दूसरे दिन 11 फरवरी रविवार को सुबह साढ़े सात बजे मंगल प्रतिष्ठा कार्यक्रम शुरू होगा। सुबह साढ़े आठ बजे श्री शांति जिन पूजन, सुबह नौ बजे धर्मसभा व उसके बाद दोपहर साढे़ ग्यारह बजे तेरापंथ भवन में साधार्मिक वात्सल्य का आयोजन होगा ।

सिपानी ने बताया कि 12 फरवरी सोमवार को शुभ मुर्हूत में द्वार का उद्घाटन व सुबह साढ़े नौ बजे श्री शांति गुरुदेव की पूजा होगी। सभी पूजाएं अहमदाबाद के विधिकारक कल्पेश भाई पंडित करवाएंगे।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *