बीकानेर के गीतकार राजेन्द्र स्वर्णकार को किया लोक साहित्य सम्मान से सम्मानित

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देर रात तक चला मण्डेला स्मृति अखिल भारतीय कवि सम्मेलन

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बीकानेर \शाहपुरा, भीलवाड़ा, 18 दिसम्बर। साहित्य सृजन कला संगम संस्थान के तत्वावधान में आयोजित 26 वें लोक कवि मोहन मण्डेला स्मृति अखिल भारतीय कवि सम्मेलन में संस्था द्वारा स्थापित लोक कवि मोहन मण्डेला स्मृति लोक साहित्य सम्मान इस वर्ष राजस्थानी भाषा के ख्याति प्राप्त छंद, कवि साहित्यकार बीकानेर के राजेन्द्र स्वर्णकार को दिया गया। सम्मान में नकद राशि, श्रीफल, शॉल, उपरणा, पगड़ी एवं मान पत्र भेंट किया गया।

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कार्यक्रम की अध्यक्षता शाहपुरा नगर परिषद् सभापति रघुनन्दन सोनी ने की । शाहपुरा जिला कलेक्टर टीकम चंद बोहरा कार्यक्रम में मुख्यअतिथि रहे। देर रात्रि तीन बजे तक चले कवि सम्मेलन में देश के नामचीन कवियों ने एक से बढ़कर एक रचनाएं प्रस्तुत कर श्रोताओं की तालियां बटोरी। कवि सम्मेलन का संचालन अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त कवयित्री डॉ. कीर्ति काले ने किया। कवि सम्मेलन में गीतकार मोहनपुरी माण्डलगढ़ , हास्य कवि रोहित झन्नाट इन्दौर, गीतकार डॉ. आदित्य जैन कोटा, हास्य कवि दिनेश बंटी शाहपुरा, गीतकार हास्य कवि डॉ. प्रशान्त देव आगरा, साहित्यकार कवि जिला कलेक्टर टीकमचंद बोहराए कवि छेलु चारण छैल लूणकरणसर, वीर रस कवि राजेन्द्र पंवार बारां, शायर महबूब अली श्महबूबश् टोंक, गीतकार सत्येन्द्र मण्डेला, शाहपुरा ने श्रेष्ठ काव्यपाठ किया ।

कार्यक्रम संचालिका डॉ. कीर्ति काले ने श्रृंगार के बेहतरीन गीतों से कवि सम्मेलन को नई ऊंचाईयां प्रदान की । कार्यक्रम के सूत्रधार कवि डॉण् कैलाश मण्डेला ने शृंगार गीत श्आंगळयां री पौरां मए नैणा रा डोरां मए रम गयोश् तथा श्हेली मेळो लाग्यो भारीश् सुनाकर आयोजन को शिखर पर पहुंचा दिया। डॉ. कैलाश मण्डेला ने कार्यक्रम के मध्य में परम्परा अनुसार लोक कवि मोहन मण्डेला के लिखे कई श्रेष्ठ गीतों में से एक शृंगारिक गीत जोड़ी रूपाळी सुनाकर सभी को आनन्दित कर दिया। लोक साहित्य सम्मान से सम्मानित गीतकार एवं साहित्यकार बीकानेर के कवि राजेन्द्र स्वर्णकार ने कुछ शेश्र और दोहों सहित . लागी बिरखां री झड़ तड़ड़ तड़ड़ तड़ राजस्थानी श्रंगारिक ग़ज़ल “हुयो म्हैं बावळो” तथा अपना प्रसिद्ध गीत “दिवटिया” सुना कर खूब दाद बटोरी। अंत मे सभी ने दो मिनट परम्परा अनुसार करतल ध्वनि से लोक कवि मोहन मण्डेला को श्रद्धांजलि अर्पित की। संस्थान अध्यक्ष जयदेव जोशी ने सभी का आभार प्रकट किया।

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